पीरियड्स के दौरान ज्यादा ब्लीडिंग रोकने के 10 उपाय

हैवी ब्लीडिंग रोकने के उपाय: महिलाओ व लडकियों को पीरियड्स की परेशानी होती है पीरियड्स यानि माहवारी ये कोई बीमारी नहीं होती है| ये तो प्राकर्तिक होती है इस समय महिलाओ को बहुत परेशानी होती है| इस समय महिलाओ को केवल रक्त ही नहीं आता बल्कि दर्द भी होता है पीरियड्स के समय कमर का या पेट में दर्द होता है जिसे सेहन करना मुश्किल होता है|

महिलाओं को जब पीरियड्स आते है तो उनकी हालत बहुत ज्यादा ख़राब हो जाती है लेकिन टीन ऐज में यानि किशोरावस्था में होने वाली पीरियड्स की समस्या असहनीय दर्द देती है और सफ़ेद पानी के साथ कभी कभी खून भी आने लगता है और जिसे हेवी ब्लीडिंग कहते है जिसमें  खून निकलने की वजह से शरीर में खून कमी भी हो जाती है.

घर पर हैवी ब्लीडिंग रोकने के उपाय

पीरियड्स के दौरान रक्त आता ही है लेकिन कभी कभी ये काफी ज्यादा आने लगता है| जो की परेशानी की बात है पर ये कोई ज्यादा बड़ी बात भी नहीं है यदि आपको हैवी ब्लीडिंग कभी कभी होती है| तो कोई परेशानी की बात नहीं है लेकिन अगर हर बार, बार बार आप इस परेशानी को झेल रही है तो आपको इस पर ध्यान देना जरुरी है|

क्योकि यदि इस पर अभी आपने ध्यान नहीं दिया तो आपके लिए ये बहुत परेशानी वाली बात हो सकती है| बार बार हैवी बिल्डिंग का आना कई और भी बीमारियों का कारण बन सकती है हैवी बिल्डिंग पर ध्यान न दिया गया| तो आपको खून की कमी भी हो सकती है और आगे चलकर अनीमिया जैसे खतरनाक बीमारी हो सकती है|

इससे आपके शारीर में कमजोरी आ सकती है अधिकतर महिला इससे छुटकारा पाने के लिए मेडिकल से दवा का उपयोग करती है| लेकिन जैसा की ज्यादा दावा लेना हानिकारक होता है इसलिए आज हम आपको पीरियड्स के दौरान ज्यादा बिल्डिंग होने से रोकने के लिए घरेलू उचार बतायेगे जो आपको इन सभी परेशानी से छुटकारा दिलाएगी|

पीरियड्स के समय ज्यादा बिल्डिंग होने के कारण

  • प्रेगनेंसी से छुटकारा पाने के लिए मेडिकल स्टोर पर मिलने वाली गर्भनिरोधक दवाइयों का ज्यादा सेवन करने से|
  • महिलाओ में एस्ट्रोजेन और प्रोजेस्टेरोन नाम के 2 हारमोंस पाए जाते है| जिनका सतुलित रहना जरुरी है अगर किसी कारण से इनका संतुलन बिगड़ जाता है| और ये हारमोंस असंतुलित हो जाते है तो ऐसी स्थिति में ज्यादा बिल्डिंग होने लगती है|
  • गर्भावस्था में miscarriage हो जाना या फिर कोई और प्रेगनेंसी सम्बन्धित जटिलता का होना इस का कारण हो जाती है| (हैवी ब्लीडिंग रोकने के उपाय)

पीरियड्स के समय ज्यादा बिल्डिंग होने के कारण

  • खून को पतला करने लिए कई दवाये होती है जिनका सेवन करने से खून पतला हो जाता है लेकिन इन दवाओ का ज्यादा सेवन करने से भी हैवी बिल्डिंग की परेशानी होने लगती है|
  • प्रजनन अंगो में इन्फेक्शन होने से भी ये परेशानी होने लगती है|
  • ऐडिनोमोसिस बीमारी या पेल्विक में सूजन आने से|
  • ovaries कैंसर होने से|
  • गर्भाशय में कोई गांठ बनाने से भी पीरियड्स के दौरान ज्यादा खून आता है|

पीरियड्स के दौरान ज्यादा बिल्डिंग होने के लक्षण

  • पीरियड्स के 7 दिन पुरे हो जाने के बाद भी बिल्डिंग का होना|
  • नियमित रूप से होने वाली बिल्डिंग से ज्यादा बिल्ड का आना|
  • पीरियड्स के दौरान कमजोरी का अहसास होना|
  • पेट के निचले हिस्से में लगातार दर्द होना|

हैवी ब्लीडिंग रोकने के उपाय

बर्फ से सिकाई करना:- जब पीरियड्स आता है तो शारीर का तापमान उच्च होता है जिस कारण से पीरियड्स आता है| और जब ये तापमान अधिक बड जाता है तो खून की कोशिकाए अधिक फ़ैल जाती है जिस कारण से अधिक बिल्डिंग होने लगती है| (हैवी ब्लीडिंग रोकने के उपाय)

लेकिन यदि पीरियड्स के दौरान बर्फ से सिकाई की जाये तो शारीर का तापमान निम्न हो जाता है| और खून की कोशिकाए सिकुड़ जाती है और ज्यादा बिल्डिंग होना बंद हो जाती है| बर्फ की सिकाई से केवल खून का आना कम ही नहीं होता बल्कि पेट के दर्द में भी लाभदायक होता है|हैवी ब्लीडिंग रोकने के उपाय

  • बर्फ के टुकडो को लीजिये और एक टोबिल में लपेट लीजिये फिर उससे पेट की सिकाई करें| इस सिकाई को आप 10-15 मिनिट तक करें फिर कुछ समय के लिए पीठ के बल लेट कर आराम कर ले| यदि इसके बाद भी आपको आराम न मिले तो आप इसी उपाय को फिर से कर लीजियेगा और ये उपाय आप 4 घंटे के अन्तराल में ही कीजियेगा|

धनिये से करें पीरियड्स की समस्या शुरू 

धनिया के बीज:- धनिया के बीज इस परेशानी से राहत दिलाने में काफी हद तक सही है धनिया के बीज का उपयोग आयुर्वेद में भी किया जाता है| आयुर्वेद में धनिया के बीज को गर्भाशय को सही से काम करने और महिलाओ में उचित हारमोंस संतुलन बनाये रखने के लिए औषधि के रूप में प्रयोग किया जाता है|

  • एक गिलास पानी ले और उसमे एक चम्मच धनिया पाउडर को डाले और इन्हें गर्म करे तब तक जब तक पानी आधा न हो जाये| फिर इसे ठंडा होने के लिए रख दे और जब ये हल्का गर्म रह जाये तब इसमें शहद मिला ले और इसे सेवन करे इसका सेवन पीरियड्स के दौरान 2-3 करे इससे आपको जल्द ही राहत मिल जाएगी|

सेब का सिरका:- सेब का सिरके का सेवन हैवी बिल्डिंग को रोकने में ही किया जाता है| ये सिरका आपके शारीर में बनाने वाले हानिकारक विषेले पदार्थो को बाहर निकल देता है जिससे उचित हारमोंस बैलेंस रहता है| और हैवी बिल्डिंग नहीं होती है साथ ही ये सिरदर्द, थकान, पेट दर्द को भी कम करता है|

पीरियड्स के दौरान खानपान बदलें  

  • एक गिलास पानी ले ले और उसमे एक से दो चम्मच सेब के सिरके को डाले| और उसे मिक्स करने पी ले इसे आप दिन में 3 बार सेवन करे इससे आपको बेहतर परिणाम मिलेंगे| (हैवी ब्लीडिंग रोकने के उपाय)

लाल मिर्च:- लाल मिर्च शारीर में खून के दौरे को बनाने में मददगार होती है| और साथ ही हारमोंस का संतुलन भी बनाये रखती है जिससे पीरियड्स के समय हैवी बिल्डिंग नहीं होती है ये शारीर के लिए लाभदायक होती है|

  • एक गिलास पानी ले ले किसी बर्तन में, और उसमे आधा चम्मच लाल मिर्च डाले और अच्छे से मिला ले| फिर आधा चम्मच शहद भी डाले और मिक्स करे और इन्हें उबल ले और इस को आप दिन में 2 पिए ये आपके लिए लाभदायक होगी|

पीरियड्स के दौरान हैवी ब्लीडिंग रोकने के उपाय

आयरन युक्त डाईट:- हमारे शारीर में खून की जरुरत होती है और खून को लाल रखने के लिए उसमे आयरन होता है| और पीरियड्स के समय खून के ज्यादा आने से शारीर में खून की कमी हो जाती है| जो की आयरन की कमी होने वाले एनीमिया से बनता है इसलिए आपको पीरियड्स के दौरान आयरन युक्त खाना को लेना चाहिए|

  • जिन भी फलो व सब्जियों में आयरन होता है उनका सेवन अधिक मात्रा में करना चाहिए| जैसे हरी सब्जी, लाल मांस, किशमिश, खरबूज, अंडे, आदि उचित मात्रा में लेना चाहिए|
  • ओमेघा 3 भी पीरियड्स की परेशानी से छुटकारा पाने से मददगार होता है| इसके लिए आप मछली का तेल या फिर अलसी के बीज का सेवन कर सकती है|
  • अदरक को पानी में अच्छे से उबल ले और काढ़ा बना ले इस काढ़े को दिन में खाने के बाद पिए|
  • पीरियड्स के दौरान करेले की सब्जी को खाना सबसे सही माना जाता है करेले में वे सब गुण पाए जाते है जो पीरियड्स के दौरान हैवी बिल्डिंग को रखते है|
  • एक कप पानी ले और उसमे थोड़ी सी दालचीनी डाल कर उबाल ले और छान कर पी ले इससे आपको लाभ होगा|
  • आवला और आवले का रस लेने से भी हैवी बिल्डिंग को रोका जा सकता है आवला भी इसमें लाभकारी माना जाता है|
  • 40 ग्राम राइ पीसकर इसका पाउडर बना ले और अब रोजना 2 ग्राम पाउडर दिन में 2 बार दूध के साथ ले|